पीएम मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने दिल्ली आ रहे हैं इन देशों के नेता, क्या चीन और पाकिस्तान भी होंगे शामिल?

छवि स्रोत : पीटीआई
गठबंधन की लगातार तीसरी जीत के बाद प्रधानमंत्री मोदी।

नई दिल्ली: नरेंद्र मोदी शनिवार या रविवार को लगातार तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने जा रहे हैं। एक-दो दिन में तारीख का ऐलान हो जाएगा। पड़ोसी देशों के प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति पड़ोसी पहले की नीति के तहत प्रधानमंत्री मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने आ रहे हैं। प्रधानमंत्री ने अब तक श्रीलंका, नेपाल, भूटान, बांग्लादेश, भूटान और मॉरीशस के नेताओं को शपथ ग्रहण समारोह के लिए निमंत्रण भेजा है। सूत्रों के मुताबिक इन सभी देशों के नेता आने के लिए लगभग तैयार हैं।

पीएम मोदी को एनडीए दल का नेता चुन लिया गया है। इसके बाद उन्हें भाजपा संसदीय दल का नेता भी चुना जाएगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रधानमंत्री के शपथ ग्रहण समारोह में दक्षिण एशियाई देशों के शीर्ष नेताओं को आमंत्रित किया गया है, जो सरकार की ‘पड़ोसी पहले’ की नीति को दर्शाता है। बांग्लादेश और श्रीलंका के नेताओं ने पहले ही पीएम मोदी से फोन पर बात कर कार्यक्रम में शामिल होने की पुष्टि कर दी है। श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे, बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना, नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल ‘प्रचंड’, भूटान के पीएम शेरिंग तोबगे और मॉरीशस के प्रधानमंत्री प्रविंद जगन्नाथ के पीएम मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने की उम्मीद है। इन सभी को औपचारिक निमंत्रण भी भेज दिया गया है। पीटीआई के मुताबिक, बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना और श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे ने समारोह में शामिल होने के लिए हरी झंडी दे दी है।

एनडीए ने 293 सीटें जीती हैं

543 सदस्यीय लोकसभा में एनडीए ने 293 सीटें जीती हैं। इनमें से अकेले भाजपा 240 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। तेलुगु देशम पार्टी के चंद्रबाबू नायडू और जनता दल-यूनाइटेड प्रमुख नीतीश कुमार समेत एनडीए के सहयोगियों ने कल प्रधानमंत्री आवास पर बैठक की और सर्वसम्मति से पीएम मोदी को गठबंधन का नेता चुना। अब पीएम मोदी का शपथ ग्रहण समारोह 8 या 9 जून को होना है। हालांकि, इसमें चीन और पाकिस्तान के नेताओं के शामिल होने के कोई संकेत नहीं हैं। उन्हें आमंत्रित भी नहीं किया गया है। साल 2014 में पीएम मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में सार्क (दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन) देशों के नेता शामिल हुए थे। 2019 में बिम्सटेक देशों के नेताओं ने हिस्सा लिया था।

यह भी पढ़ें

LTTE संस्थापक प्रभाकरण मारा गया है या अभी जिंदा है, भाई ने खोला ये बड़ा राज

यूक्रेन फिर से लड़ाई में शक्तिशाली हुआ, ड्रोन हमले से रूस की तेल रिफाइनरी और ईंधन डिपो उड़ाए गए

नवीनतम विश्व समाचार